Uttar Pradesh की राजधानी Lucknow में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय द्वारा आयोजित उत्तर क्षेत्र कृषि सम्मेलन खेती-किसानी के नए विजन, नई कार्ययोजना और किसान-केंद्रित सोच का मजबूत मंच बनकर उभरा है. शिवराज ने कहा कि खरीफ और रबी सीजन की योजनाओं को अधिक प्रभावी और व्यावहारिक बनाने के लिए क्षेत्रवार (रीजनल) कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जा रहा है. हम सभी राज्यों के साथ कदम से कदम और कंधे से कंधा मिलाकर चलने को तैयार हैं। हम मिलकर राज्यवार कृषि का रोडमैप बनाएंगे. उन्होंने कहा कि फार्मर आईडी किसानों पहचान है. ये कई रोगों की दवा है. इसमें 17 तरह की सुविधाएं हैं. हमने लैब को लैंड से जोड़ने के लिए विकसित कृषि संकल्प अभियान चलाया. इस अभियान के माध्यम से 60,000 से अधिक गांवों में पहुंचकर आधुनिक अनुसंधान, नई तकनीक और समाधान सीधे किसानों तक पहुंचाए गए. अब आवश्यकता है कि हर राज्य अपनी भौगोलिक परिस्थितियों के अनुसार इस अभियान का समय और स्वरूप तय करे। भारत सरकार और वैज्ञानिकों की पूरी टीम सहयोग के लिए तैयार है.