मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के तहत उत्तर प्रदेश में वेस्ट वॉटर को आर्थिक संसाधन के रूप में विकसित किया जाएगा. नई नीति के तहत उपचारित जल का उपयोग नगर निकायों, उद्योग, कृषि और गैर-पेय घरेलू कार्यों में होगा. इससे भूजल पर दबाव कम होगा और पर्यावरण संरक्षण के साथ सतत विकास को बढ़ावा मिलेगा.