महाराष्ट्र के अकोला जिले के म्हैसांग और आसपास के खेत शिवार में चार महीने से रुका हुआ बरसाती पानी आखिरकार निकलना शुरू हो गया है. यहां 50 से 60 किसानों की करीब 300 एकड़ खेती तालाब में तब्दील हो चुकी थी. किसान बार-बार शिकायत कर रहे थे, लेकिन राजस्व विभाग के अधिकारी अनदेखी कर रहे थे. किसान तक पर जब यह मुद्दा उठाया गया तो प्रशासन की नींद टूटी. रिपोर्ट प्रसारित होने के महज 48 घंटे बाद ही तहसीलदार दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और सुबह से ही जेसीबी लगाकर बांध तोड़कर पानी की निकासी शुरू कर दी.