
दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने 23 जून 2026 को अपनी रफ्तार बढ़ाते हुए महाराष्ट्र के कई और इलाकों, जिसमें मुंबई भी शामिल है, के साथ तेलंगाना और ओडिशा के शेष हिस्सों तथा छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के कुछ नए क्षेत्रों में दस्तक दे दी है. मौसम विभाग के अनुसार अगले 2 से 3 दिनों में गुजरात के कुछ हिस्सों, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ के अतिरिक्त इलाकों तथा मध्य प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में मॉनसून आगे बढ़ सकता है. यहां मौसम की खबरों के लाइव अपडेट्स के अलावा आप किसान (Farmers), खेती (Agriculture), PM Kisan Samman Nidhi Scheme, किसान आंदोलन (Farmers Protest), पशुपालन, (Animal Husbandry), कृषि तकनीक (Agriculture Technology), खाद (Fertilizer), बीज (Seeds), सरकारी योजनाएं (Government Schemes), फसलें (Crops) और किसानों की सफलता की कहानी (Farmer success story) पढ़ सकते हैं.
दक्षिण-पश्चिम मानसून ने मध्य प्रदेश में दस्तक दे दी है. छत्तीसगढ़ के रास्ते पूर्वी मध्य प्रदेश में मानसून की एंट्री हुई है. मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के तीन जिलों से मानसून ने प्रवेश किया और इसके बाद कई इलाकों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है. मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो से तीन दिनों के दौरान मानसून उत्तर प्रदेश तक पहुंच सकता है. वहीं, मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है. (इनपुट- धर्मेंद्र सिंह)
ठाणे: अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि पिछले 24 घंटों में महाराष्ट्र के ठाणे और पालघर ज़िलों में ज़ोरदार बारिश हुई, जिससे खूबसूरत मालशेज घाट पर भूस्खलन हुआ और पेड़ गिरने की कई शिकायतें मिलीं. ठाणे के रेजिडेंट डिप्टी कलेक्टर संदीप माने ने बताया कि मंगलवार शाम को ठाणे और पुणे ज़िलों को जोड़ने वाले अहम मालशेज घाट इलाके में हल्का भूस्खलन हुआ. जिला आपदा प्रबंधन अधिकारियों के अनुसार, यह घटना मंगलवार शाम 6 बजे से 7 बजे के बीच घाट पर "वॉश पॉइंट" और "अंब्रेला पॉइंट" के बीच हुई. मौके पर तुरंत मिट्टी हटाने वाली मशीनें तैनात की गईं। माने ने बताया कि मलबा तेज़ी से हटाया गया और घाट वाले हिस्से में ट्रैफिक बिना किसी रुकावट के चलता रहा, कोई हताहत नहीं हुआ. क्षेत्रीय आपदा प्रबंधन सेल (RDMC) के प्रमुख यासीन तडवी ने बताया कि पिछले 24 घंटों में ठाणे में 27 शिकायतें मिलीं, जिनमें पेड़ या टहनियां गिरने की 18 और आग से जुड़ी चार कॉल शामिल हैं. (पीटीआई)
ईटानगर: एक अधिकारी ने बताया कि बुधवार सुबह अरुणाचल प्रदेश के केयी पैन्योर ज़िले में लगातार बारिश के कारण अचानक बाढ़ आ गई, जिससे निचले इलाकों में पानी भर गया और 18 घरों को नुकसान पहुंचा. साथ ही, नेशनल हाईवे पर भूस्खलन से गाड़ियों की आवाजाही रुक गई और कई लोग फंस गए. राज्य आपदा प्रबंधन सचिव दानी सुलू ने बताया कि याज़ली सर्कल के तहत पूसा के पास नीपको प्रोजेक्ट कॉलोनी में अचानक बाढ़ के कारण तीन लोग लापता हो गए. उन्होंने बताया कि भारी बारिश के कारण बन रही एक रिटेनिंग वॉल (दीवार) गिर गई और कॉलोनी व उसके आस-पास के निचले रिहायशी इलाकों में भारी मात्रा में पानी भर गया. (पीटीआई)
सतारा जिले के कोयनानगर क्षेत्र में मानसून की पहली जोरदार बारिश के बाद प्रसिद्ध ओझर्डे झरना पूरे वेग से बहने लगा है. करीब 800 से 900 फीट ऊंचाई से गिरता यह झरना पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बन गया है. पहाड़ों पर छाई धुंध, चारों ओर फैली हरियाली और झरने का तेज बहाव इलाके को बेहद खूबसूरत बना रहा है. बारिश से किसानों और स्थानीय लोगों में भी खुशी का माहौल है. बढ़ती पर्यटक संख्या को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से झरने के आसपास सावधानी बरतने और सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है. (पीटीआई)
तमिलनाडु के कावेरी डेल्टा क्षेत्र में किसानों की चिंता बढ़ गई है. 12 जून को परंपरा के अनुसार मेत्तूर बांध से कुरुवई धान की खेती के लिए पानी नहीं छोड़े जाने से पांच डेल्टा जिले प्रभावित हैं और खेती शुरू नहीं हो सकी है. किसान लंबे अवधि वाली धान फसल को लेकर संकट में हैं. किसानों का कहना है कि कावेरी में पर्याप्त पानी नहीं होने और मानसून कमजोर रहने की आशंका से स्थिति और खराब हो सकती है. इसी बीच किसानों ने कावेरी जल छोड़ने और मेकेदातु बांध परियोजना का विरोध करते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया है.
कावेरी डेल्टा किसान संघ के प्रमुख अय्याकन्नू ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के 2018 के फैसले के अनुसार कर्नाटक को हर महीने तय मात्रा में पानी छोड़ना चाहिए, लेकिन पानी नहीं मिलने से तमिलनाडु में खेती प्रभावित हो रही है. पीएमके अध्यक्ष अंबुमणि रामदास ने दावा किया कि पिछले साल करीब 6 लाख एकड़ में कुरुवई खेती हुई थी, जबकि इस बार पानी की कमी के कारण यह क्षेत्र घटकर लगभग 2 लाख एकड़ रह सकता है. उन्होंने अल नीनो के कारण कम बारिश की आशंका भी जताई. तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने कहा कि सरकार किसानों के साथ खड़ी है और उनकी आजीविका की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे.
महाराष्ट्र के वाशिम जिले में बुधवार को तेज हवाओं के साथ हुई जोरदार बारिश से कई शहर और ग्रामीण इलाके जलमग्न हो गए. जिले के कारंजा, रिसोड़ और मानोरा समेत कई क्षेत्रों में दोपहर से शुरू हुई बारिश देर शाम तक जारी रही. रिसोड़ तहसील के मांगुल झनक, कुकसा फाटा और पेन बोरी क्षेत्रों में खेतों से बहकर पानी सड़कों पर आ गया. मांगुल झनक से कुकसा फाटा और मेहकर मार्ग पर पानी भरने से करीब एक घंटे तक यातायात प्रभावित रहा. लगातार बारिश से किसानों को राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है, क्योंकि इससे खरीफ बुआई की तैयारियों को गति मिल सकती है. वहीं, मौसम सुहाना होने से लोगों को गर्मी से भी राहत मिली. नागपुर मौसम विभाग ने वाशिम समेत विदर्भ के अमरावती, भंडारा और गड़चिरोली जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है. (इनपुट- जका बी खान)
महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले में कर्जमाफी की मांग को लेकर एक किसान ने अनोखे अंदाज में प्रदर्शन किया. राजुरा तहसील के गोयेगांव निवासी किसान दिवाकर हिरामन पहनपाटे बैल पर सवार होकर सीधे तहसीलदार कार्यालय पहुंच गए और कर्जमाफी की मांग को लेकर जमकर नारेबाजी की. किसान के इस अलग तरीके के आंदोलन ने तहसील कार्यालय परिसर में लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया. प्रदर्शन का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और पूरे क्षेत्र में इसकी चर्चा हो रही है. स्थानीय लोगों के अनुसार, किसान ने बैल को खेती-किसानी और ग्रामीण जीवन का प्रतीक बनाकर अपनी परेशानी और किसानों की स्थिति को सरकार तक पहुंचाने की कोशिश की. आमतौर पर धरना, प्रदर्शन और ज्ञापन के जरिए मांग उठाने के बजाय इस अनोखे प्रदर्शन ने लोगों में उत्सुकता पैदा की. (इनपुट- विकास राजुर्कर)
सिवनी (MP): एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि तीन साल की लगातार कोशिशों के बाद, मध्य प्रदेश के सिवनी ज़िले के मशहूर जंबो कस्टर्ड एप्पल (शरीफा) को 'जियोग्राफिकल इंडिकेशन' (GI) टैग मिला है. इससे इस फल को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक खास और सुरक्षित पहचान मिली है. यह कस्टर्ड एप्पल, जो भूतबंधनी के जंगलों और छपारा के आस-पास के इलाकों में प्राकृतिक रूप से उगता है, अपने बड़े आकार, बेहतरीन स्वाद और शानदार क्वालिटी के लिए मशहूर है. आम तौर पर एक फल का वज़न 200 ग्राम से 1 किलोग्राम के बीच होता है. हॉर्टिकल्चर और फ़ूड प्रोसेसिंग डिपार्टमेंट की असिस्टेंट डायरेक्टर डॉ. आशा उपवंशी-वासेवार ने PTI को बताया कि चेन्नई में GI रजिस्ट्री को 'कंट्रोलर जनरल ऑफ़ पेटेंट्स, डिज़ाइन्स एंड ट्रेडमार्क्स' और 'रजिस्ट्रार ऑफ़ जियोग्राफिकल इंडिकेशन्स' के ज़रिए भेजी गई एप्लीकेशन को मंज़ूरी मिलने के बाद यह GI टैग दिया गया.
लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार के एक बयान के अनुसार, राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को राज्य के पद्म पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने मंगलवार को राष्ट्रपति भवन में आयोजित सिविल इन्वेस्टिचर सेरेमनी-II में वर्ष 2026 के लिए पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री पुरस्कार प्रदान किए. इस दौरान उत्तर प्रदेश की जानी-मानी हस्तियों को भी सम्मानित किया गया.
मुंबई: अधिकारियों ने बताया कि बुधवार को मुंबई के लोगों की सुबह रात भर हुई भारी बारिश के साथ हुई. शहर के सभी मुख्य सबवे खुले रहे और ट्रैफिक भी ज़्यादातर सुचारू रूप से चलता रहा. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बुधवार सुबह 4 बजे मुंबई और पालघर के लिए तीन घंटे का रेड अलर्ट जारी किया था. इसमें आंधी-तूफान, बिजली कड़कने, बहुत तेज़ बारिश और 40-60 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से हवाएं चलने की चेतावनी दी गई थी. सुबह 7 बजे इस अलर्ट को अगले तीन घंटों के लिए ऑरेंज अलर्ट में बदल दिया गया. इसमें मुंबई, ठाणे, रायगढ़, पालघर और सिंधुदुर्ग ज़िलों में मध्यम से तेज़ बारिश का अनुमान जताया गया. दक्षिण-पश्चिम मॉनसून आखिरकार मंगलवार को मुंबई पहुंचा. यह सामान्य समय से 13 दिन देरी से आया, जिससे भीषण गर्मी से बहुत ज़रूरी राहत मिली. (पीटीआई)
वाराणसी (UP): एक पुलिस अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने के बाद पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया. इस वीडियो में उन्हें वाराणसी में गंगा नदी के बीच नाव पर चिकन पकाते और बीयर पीते हुए देखा गया था. दशाश्वमेध ACP अतुल अंजन त्रिपाठी ने बताया कि जांच के बाद इसमें शामिल लोगों की पहचान की गई, उन्हें जेल भेजा गया और नाव को ज़ब्त कर लिया गया. गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान दीपक कुमार, अजय साहनी, अरुण कुमार साहनी, अनुराग निषाद और राहुल साहनी के तौर पर हुई है. पुलिस ने बताया कि इन सभी की उम्र 25 से 32 साल के बीच है. (पीटीआई)
देश में मौसम का मिजाज एक साथ दो तस्वीरें दिखा रहा है. एक तरफ पश्चिमी तट, पूर्वोत्तर भारत और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल-सिक्किम में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना बन रही है. वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, विदर्भ और दक्षिण-पूर्व मध्य प्रदेश के हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक लू की स्थिति बनी रह सकती है. मौसम विभाग ने कुछ इलाकों में 40 से 70 किमी प्रति घंटे तक तेज हवा, गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका जताई है. इस बीच, दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने 23 जून को महाराष्ट्र के और हिस्सों समेत मुंबई, तेलंगाना, ओडिशा, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के कई क्षेत्रों में आगे बढ़त दर्ज की है. मौसम विभाग के अनुसार अगले 2 से 3 दिनों में गुजरात, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में मॉनसून आगे बढ़ सकता है. इसके बाद 3 से 4 दिनों में झारखंड, बिहार के बाकी हिस्सों और उत्तर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों तक पहुंचने की अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं. पढ़ें पूरी खबर...