
देश के कई हिस्सों में मॉनसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है. बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिम और पश्चिम-मध्य हिस्से में बने कम दबाव के क्षेत्र (लो-प्रेशर एरिया) के प्रभाव से आने वाले दिनों में मध्य भारत, पश्चिम भारत और उत्तर भारत के कई राज्यों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है. मौसम विभाग के अनुसार, यह कम दबाव का क्षेत्र दक्षिण ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश तट के पास बना हुआ है और शनिवार तक यह और मजबूत होकर पश्चिम-उत्तर पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है. इसके प्रभाव से पश्चिम मध्य प्रदेश में 13 और 14 सितंबर को, मध्य महाराष्ट्र में 13 सितंबर को और गुजरात क्षेत्र में 13 और 14 सितंबर को भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है. सौराष्ट्र और कच्छ में 14 सितंबर को बहुत अधिक बारिश हो सकती है. यहां मौसम की खबरों के लाइव अपडेट्स के अलावा आप किसान (Farmers), खेती (Agriculture), PM Kisan Samman Nidhi Scheme, किसान आंदोलन (Farmers Protest), पशुपालन, (Animal Husbandry), कृषि तकनीक (Agriculture Technology), खाद (Fertilizer), बीज (Seeds), सरकारी योजनाएं (Government Schemes), फसलें (Crops) और किसानों की सफलता की कहानी (Farmer success story) पढ़ सकते हैं.
पंजाब में विपक्षी दलों ने शनिवार को लंबे समय तक बिजली कटौती को लेकर AAP सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि वह किसानों और उद्योगपतियों को "बर्बादी की कगार" पर धकेल रही है और आम उपभोक्ताओं की रोजमर्रा की ज़िंदगी में खलल डाल रही है.
हालांकि, पंजाब के बिजली मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंड ने इसके लिए केंद्र सरकार को ज़िम्मेदार ठहराया. उन्होंने दावा किया कि राज्य को अभी सेंट्रल पावर पूल से मिलने वाले अपने हिस्से के मुकाबले 1,051 मेगावाट (MW) कम बिजली मिल रही है.
मोगा जिले में खेतों के लिए पूरी बिजली सप्लाई नहीं मिलने के विरोध में शनिवार को अलग-अलग किसान यूनियनों ने जिले के विभिन्न स्थानों पर धरना प्रदर्शन किया. किसानों ने सरकार के खिलाफ रोष जताते हुए कई प्रमुख मार्गों और हाईवे को जाम कर दिया. बाघापुराना के मुख्य चौक में किसानों ने धरना देकर यातायात बंद किया। वहीं निहाल सिंह वाला के मुख्य चौक पर भी किसानों ने प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम की.
मुरादाबाद में गागन नदी का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं. बढ़ते जलस्तर को देखते हुए लोग निवास के अन्य विकल्प तलाश रहे हैं.