
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 3-4 दिनों तक पूर्वी भारत में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है. ओडिशा में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है. वहीं 11 से 14 सितंबर के दौरान छत्तीसगढ़, तटीय आंध्र प्रदेश-यानम और तेलंगाना में भारी बारिश हो सकती है. मध्य प्रदेश में 13 और 14 सितंबर को भारी बारिश का अनुमान है. यहां मौसम की खबरों के लाइव अपडेट्स के अलावा आप किसान (Farmers), खेती (Agriculture), PM Kisan Samman Nidhi Scheme, किसान आंदोलन (Farmers Protest), पशुपालन, (Animal Husbandry), कृषि तकनीक (Agriculture Technology), खाद (Fertilizer), बीज (Seeds), सरकारी योजनाएं (Government Schemes), फसलें (Crops) और किसानों की सफलता की कहानी (Farmer success story) पढ़ सकते हैं.
मराठवाड़ा में इस साल मॉनसून की बेरुखी के कारण पूरे क्षेत्र पर 14 साल बाद भीषण सूखे का गंभीर संकट मंडरा रहा है. अगस्त महीना पूरी तरह सूखा बीतने के बाद सितंबर के पहले हफ्ते तक मराठवाड़ा में बारिश में 34 फीसदी से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई है. इसमें बीड़ जिले की स्थिति सबसे चिंताजनक है, जहां पूरे महाराष्ट्र में सबसे कम बारिश हुई है. बारिश में लंबे अंतराल के कारण खरीफ की फसलें खेतों में ही जलने लगी हैं, कुछ किसान ट्रॅक्टर से फसल को रोटावेट कर रहे है तो कुछ किसान फसल को उखाड कर फेक दे रही है. वहीं बांधों का जलस्तर घटने से प्रशासन ने पानी को केवल पीने के लिए आरक्षित कर दिया है. बीड जिले में सूखा घोषित करने हेतु किसान आंदोलन कर रहे हैं.
पंजाब में किसानों की आवाज बुलंद करने के लिए बुलाई गई किसान पंचायत से पहले पुलिस और किसान संगठनों के बीच टकराव की स्थिति देखने को मिली. बुधवार को फरीदकोट में आयोजित भारतीय किसान यूनियन (एकता सिद्धूपुर) की किसान पंचायत से पहले यूनियन के अध्यक्ष जगजीत सिंह डल्लेवाल समेत कई किसान नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने एहतियातन हिरासत में ले लिया. इसके बाद किसान संगठनों ने राज्य सरकार पर लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन करने के आरोप लगाए हैं.
लातूर ज़िले के एक स्थानीय BJP MLA और अन्य नेताओं ने महाराष्ट्र सरकार से लातूर ज़िले और मराठवाड़ा के अन्य इलाकों में सूखा घोषित करने की अपील की है. उन्होंने कम बारिश और पीने के पानी और मवेशियों के चारे को लेकर चिंता जताई है.
लातूर ग्रामीण के MLA रमेश कराड ने बुधवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को एक ज्ञापन सौंपा. इसमें उन्होंने सूखा घोषित करने और लंबे समय से चल रहे सूखे से प्रभावित किसानों के लिए तुरंत राहत उपाय करने की मांग की.
सुप्रीम कोर्ट ने पैकेज्ड फूड पर चेतावनी लेबल को लेकर एफएसएसएआई से नाराजगी जताई है. कोर्ट ने पूछा है कि पैकेजिंग पर चेतावनी में देरी क्यों हो रही है. अदालत ने इस मामले में और जानकारी मांगी है. साथ ही यह भी पूछा गया कि नमक और सोडियम की मात्रा को लेकर चेतावनी को लेकर क्या फैसला हुआ है.
अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि बिहार के 14 ज़िलों में 40 लाख से ज़्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं और कई जगहों पर नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं.
आपदा प्रबंधन विभाग (DMD) के अनुसार, पिछले पांच दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण आई बाढ़ से 84 ब्लॉक की 517 ग्राम पंचायतों में लगभग 41.45 लाख लोग प्रभावित हुए हैं.
उत्तराखंड में बारिश से अभी राहत मिलती नहीं दिख रही है,10 सितंबर से एक बार फिर प्रदेश के कई जिलों में बारिश और गरज चमक का दौर जारी रह सकता है... मौसम विभाग के मुताबिक, 10 सितंबर को देहरादून, टिहरी, नैनीताल, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में कही कहीं भारी से भारी बारिश की संभावना है... वही प्रदेश के सभी जिलों में गरज चमक के साथ तेज से अति तेज बारिश का दौर भी देखने को मिल सकता है....
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 11 सितंबर को भी देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, नैनीताल, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है वही प्रदेशभर में 14 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावनाएं है ...ऐसे में आसमानी आफत को देखते हुए पहाड़ी इलाकों में रहने वालों और सफर करने वालों को मौसम को लेकर खास सावधानी बरतने की जरूरत है...
मध्य प्रदेश के सीधी जिले से एक ऐसा वीडियो सामने आया है, जिसने प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. करीब 45 सेकंड का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें एक पटवारी नाला पार करने के लिए करीब 65 साल के बुजुर्ग की पीठ पर सवार दिखाई दे रहे हैं.
दरअसल, विंध्य क्षेत्र में हुई तेज बारिश के बाद किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचा है. प्रशासन की ओर से राजस्व अधिकारियों को फसल नुकसान का आकलन करने के लिए गांव-गांव भेजा जा रहा है. इसी दौरान सीधी जिले की माटा ग्राम पंचायत के हल्का पटवारी नीलेश नामदेव भी फसल नुकसान का जायजा लेने जा रहे थे.
सितंबर का दूसरा हफ्ता चल रहा है, लेकिन मॉनसून अभी विदाई के मूड में नहीं है. देश के कई हिस्सों में बारिश का दौर एक बार फिर तेज होता दिख रहा है. मौसम विभाग (IMD) ने दिल्ली-NCR समेत कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर अलर्ट जारी किया है. उत्तर प्रदेश और बिहार में जहां कुछ इलाकों में भारी बारिश के साथ आकाशीय बिजली का खतरा है, वहीं मध्य प्रदेश में कई जगह बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है. पहाड़ी राज्यों में भी बारिश के साथ भूस्खलन का खतरा बना हुआ है.