Farmers Protest Live Updates: पंजाब-हरियाणा (शंभू) बॉर्डर से किसान एक बार फिर दिल्ली कूच करने जा रहे हैं. किसानों ने इसे 'दिल्ली चलो' आंदोलन नाम दिया है, जिसमें शंभू बॉर्डर पर 8 महीने (13 फरवरी) से धरना दे रहे किसान आज 1 बजे ट्रैक्टर-ट्रॉली के बिना पैदल ही दिल्ली की तरफ बढ़ेंगे. आज 101 किसानों का पहला जत्था रवाना होगा. इसमें मौसम की खबर गौर करें तो पराली जलाने की समस्या गंभीर होती जा रही है. इससे हवा में 'जहर' घुल रहा है. पंजाब और हरियाणा में पराली जलाने के मामले बढ़ रहे हैं, जिससे किसानों के खिलाफ केस दर्ज किए जा रहे हैं. दूसरी ओर पंजाब में धान की धीमी खरीद और उठान में देरी से किसानों में नाराजगी है. ऐसी तमाम खेती-किसानी और मौसम से जुड़ी खबरों के लिए पढ़ते रहें Live Updates...
आमतौर पर हर साल अक्टूबर माह के अंत तक सर्दी की शुरुआत हो जाती है. लेकिन इस साल दिसंबर महीने तक गर्मी के हालात बने हुए हैं. यह मौसम सरसों की फसल के लिए फायदेमंद साबित हो रहा है. हालांकि तापमान ज्यादा रहने के कारण किसान अन्य फसलों की तरफ रुख एक रहा है. जैसे सब्जियों की पैदावार किसानों के लिए फायदेमंद साबित हो रही है. दूसरी तरफ यह मौसम गेहूं की फसल के लिए खतरनाक है. गेहूं की फसल के लिए रात का न्यूनतम तापमान तीन से चार डिग्री होना चाहिए.
आज 11वें दिन खनौरी बॉर्डर पर किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल का आमरण अनशन जारी है। मीडिया को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि पहले केंद्र सरकार कहती थी कि उन्हें ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से आपत्ति है इसलिए किसान बिना ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के दिल्ली आ सकते हैं, लेकिन जब आज 101 किसानों का जत्था शम्भू बॉर्डर से दिल्ली की तरफ चला तो उनके ऊपर आंसू गैस के गोले दागे गए और केमिकल स्प्रे का इस्तेमाल किया गया, पुलिस की कारवाई में 7 किसान घायल हुए हैं।
उन्होंने कहा कि खनौरी बॉर्डर से तो जत्थों का दिल्ली जाने का कोई कार्यक्रम नहीं है लेकिन उसके बावजूद खनौरी बॉर्डर से उचाना तक 3 जगहों पर पुलिस द्वारा भारी बैरिकेडिंग करी गयी है और हजारों पुलिसकर्मियों की तैनाती करी गयी है जिस से आम लोगों को बहुत ज्यादा परेशानी हो रही है। किसान नेताओं ने कहा कि खनौरी और शम्भू मोर्चों पर लगातार मजबूती बढ़ाई जा रही है और दोनों मोर्चों के नेता बातचीत कर के आगामी रणनीति का ऐलान करेंगे। किसान नेताओं ने कहा कि सभी किसान अलर्ट मोड में रहे और मोर्चों पर मजबूती बनाए रखें।
उत्तराखण्ड के मौसम विभाग ने 8 और 9 तारीख को बारिश और बर्फबारी की संभावनाएं जताई है मौसम केंद्र की माने तो 8 तारीख को पश्चिमी विक्षोप उत्तराखंड को प्रभावित कर सकता है, जिससे 8 और 9 को ऊत्तराखण्ड के ऊंचाई वाले स्थानों मे बर्फबारी साथ ही मैदानी इलाकों में बारिश होगी. वहीं बारिश के लिए इस अलर्ट के बाद प्रदेश में तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी साथ ही सर्दी बढ़ेगी. बीते नवम्बर के महीने में उत्त्तराखण्ड में 90 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई थी, जिसे लेकर पर्यावरणविद के साथ साथ उत्त्तराखण्ड की नदियों के पुनः जीवित करने के लिए राज्य सरकार द्वारा स्थापित Spring and River Rejuvenation Authority SARRA ने भी चिंता जताई थी.
महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले ने कहा, "मैं अपने मित्र देवेंद्र फडणवीस को फिर से सीएम बनने पर बधाई देना चाहता हूं. उन्होंने आगे कहा कि महाराष्ट्र में किसान आत्महत्या कर रहे हैं. फडणवीस ने कहा था कि वे किसानों का कर्ज माफ करेंगे और मुझे लगता है कि ऐसा तुरंत किया जाना चाहिए."
किसानों का 'दिल्ली चलो' मार्च: शंभू बॉर्डर पर प्रेस कॉन्फ्रेंस में किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने कहा, "सरकार हमारे साथ दुश्मन देश जैसा व्यवहार क्यों कर रही है? हम इस देश के नागरिक हैं और हमने देश के लिए बहुत बलिदान दिए हैं."
किसान नेता सरवन सिंह पंढेर ने कहा, "हमने जो प्रस्ताव दिया है वह यह है कि या तो आप 'जत्थे' को शांतिपूर्वक दिल्ली जाने दें या बातचीत करें. उन्होंने हमसे ज्ञापन मांगा है. हम ज्ञापन को व्हाट्सएप के जरिए एसपी अंबाला को भेजेंगे. अगर उनका पत्र देर रात आता है, तो हमारे दरवाजे बातचीत के लिए खुले हैं. सभी नेताओं से चर्चा करने के बाद, हम आपको अगले कदमों के बारे में सूचित करेंगे."
दिल्ली: कांग्रेस सांसद अभिषेक मनु सिंघवी को आवंटित राज्यसभा सीट से कथित तौर पर नकदी बरामद होने पर कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने कहा, "...यह भाजपा की रणनीति है, ध्यान भटकाने की चाल है. हम जो मुद्दे उठा रहे हैं, किसानों के मुद्दे, खुद अध्यक्ष ने ये मुद्दे उठाए हैं और ये कई बड़े मुद्दे हैं... मैंने पहली बार देखा कि आज भाजपा के सांसद सत्र स्थगित करने के लिए बहुत उत्सुक थे... यह सरकार की रणनीति है कि आप लोकसभा नहीं चलने दे रहे, हम राज्यसभा नहीं चलने देंगे. सदन चलाना सरकार की जिम्मेदारी है, हम रचनात्मक सहयोग दे रहे हैं... सरकार राज्यसभा में कोई चर्चा नहीं चाहती..."
दोनों मंचों, केएमएम और एसकेएम (एनपी) ने दिल्ली की ओर कूच करने के लिए भेजे गए 101 किसानों के समूह को वापस बुलाने का फैसला किया हैं.
किसान मजदूर मोर्चा ने कहा, यह तब किया गया जब सरकार की दोहरी नीति उजागर हुई, जब हरियाणा पुलिस/सीएपीएफ द्वारा आंसू गैस के गोले दागे जाने से 6 किसान (जिनमें कुछ नेता भी शामिल थे) घायल हो गए.
शंभू बॉर्डर पर किसानों ने आगे बढ़ने की कोशिश की. उन्होंने बैरिकेड की एक लेयर को हटा दिया और आगे बढ़ने लगे. इस दौरान किसानों को रोकने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे और एक किसान को डिटेन कर लिया.
दिल्ली: कांग्रेस सांसद राजीव शुक्ला ने कहा, "सरकार ने वादा किया था कि MSP की लीगल गारंटी देंगे. सरकार ने उनको आश्वासन दिया था. सरकार उस पर फिर से मुकर गई है. इसको लेकर उपराष्ट्रपति तक ने चिंता व्यक्त की है. सरकार जो कहती है वो करती नहीं है.
कई मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे किसानों को शंभू बॉर्डर पर दिल्ली कूच की ओर बढ़ने से रोक दिया गया है. वहीं उसमें एक किसान को एक किसान को हिरासत में लिया गया है.
दिल्ली: समाजवादी पार्टी सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा, "किसानों की मांग जायज है. किसान देश की आत्मा हैं...जबतक किसान खुशहाल नहीं होगा, तबतक देश खुशहाल नहीं हो सकता...अगर किसान अपनी जायज मांगों को लेकर केंद्र सरकार के पास आना चाहते हैं, तो उन्हें रोकना नहीं चाहिए। उनकी बात सुननी चाहिए..."
सरकार ने किसानों से बातचीत का प्रस्ताव रखा. कृषि राज्यमंत्री भगीरथ चौधरी ने कहा, सरकार के दरवाजे किसानों के लिए हमेशा खुले हैं. उन्हें दिल्ली की ओर कूच करने के बजाय हमसे आकर अपने मुद्दों पर बात करनी चाहिए.
आप सांसद मलविंदर सिंह कांग ने किसानों के 'दिल्ली चलो' मार्च पर कहा, "किसान पिछले दो सालों से लखीमपुर खीरी मामले में न्याय की मांग, एमएसपी की कानूनी गारंटी और अन्य मुद्दों के लिए शांतिपूर्ण तरीके से विरोध कर रहे हैं, जिसके लिए पीएम ने उन्हें प्रतिबद्धता दी है. मुझे लगता है कि उन्हें देश की राष्ट्रीय राजधानी में विरोध करने से रोकना अलोकतांत्रिक है."
कई मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे किसानों को शंभू बॉर्डर पर दिल्ली कूच की ओर बढ़ने से रोक दिया गया है.
किसान आंदोलन को देखते हुए अंबाला इलाके में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है.
अंबाला के अधिकार क्षेत्र में आने वाले गांवों डंगदेहरी, लोहगढ़, मानकपुर, डडियाना, बारी घेल, लहर्स, कालू माजरा, देवी नगर, सद्दोपुर, सुल्तानपुर और काकरू के क्षेत्र में बंद रहेगा इंटरनेट सेवा.
आज से नौ दिसंबर तक बंद रहेगा इंटरनेट सेवा.
प्रदेश सरकार की ओर से जारी किए गए आदेश.
पंजाब से आम आदमी पार्टी के सांसद संदीप कुमार पाठक ने पंजाब में धान खरीदी की प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए. उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में धान खरीदी को लेकर एक आर्टिफिशियल क्राइसिस (कृत्रिम संकट) खड़ा किया गया जिससे किसानों, आढ़तियों और राइस मिलर्स को नुकसान हुआ है.
इस दौरान उन्होंने कहा कि यह पूरे देश के धान किसानों के लिहाज से भी महत्वपूर्ण है. उन्होंने कहा कि किसान मंडी में अपनी उपज ले जाकर उसे बेचता है. इसके बाद अनाज वहां से मिलिंग के लिए जाता है और जिसे बाद में FCI के गोदाम भेजा जाता है. वहां से फिर इसे कई राज्यों में डिस्ट्रीब्यूट किया जाता है. इस कड़ी में किसी एक प्रक्रिया को भी बाधित कर दिया जाए तो किसानों, आढ़तियों और राइस मिलर्स को नुकसान होता है.
दिल्ली: कांग्रेस सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा, "जब किसान आंदोलन हुआ तब सरकार ने किसानों से कुछ वादे किए थे, जिसमें MSP को अमलीजामा पहना कर लीगल गारंटी देने का वादा था. वादा पूरा नहीं हुआ तब किसानों ने अपना आंदोलन दोबारा शुरू किया. किसान काफी लंबे समय से शंभु बॉर्डर पर बैठे हुए हैं. आज किसानों ने दोबारा से दिल्ली कूच करने का निर्णय किया है, जो इस सरकार की वादा खिलाफी का प्रतीक है. हमारी मांग है कि सरकार तुरंत किसानों से बातचीत करे."
1 बजे रवाना होगा 101 किसानों का जत्था. सुरजीत सिंह फूल, सतनाम सिंह पन्नू, सविंदर सिंह चौटाला, बलजिंदर सिंह चडियाला मनजीत सिंह की अगुवाई में 101 किसानों का दिल्ली की तरफ़ होगा पैदल मार्च. किसान नेता सरवन सिंह पंढेर शंभू बॉर्डर पर ही मौजूद रहेंगे, जत्थे में नहीं होंगे शामिल. (इनपुट- अमन भारद्वाज)
शुक्रवार को कश्मीर में ठंड ने अपना शिकंजा कस लिया, न्यूनतम तापमान शून्य से कई डिग्री नीचे चला गया, जिससे घाटी के अधिकांश इलाकों में यह इस मौसम की सबसे ठंडी रात बन गई.
उन्होंने बताया कि शुष्क मौसम के कारण कश्मीर में रात का तापमान शून्य से और नीचे चला गया. अधिकारियों ने बताया कि इस मौसम के पिछले तापमान में 1.2 से 3.2 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई.
श्रीनगर में इस मौसम का सबसे कम तापमान शून्य से 4.1 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया, जो पिछली रात से दो डिग्री कम है.
दिल्ली पुलिस ने दिल्ली में मार्च से पहले बॉर्डर पर सुरक्षा कड़ी कर दी है. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया, "दिल्ली पुलिस अलर्ट पर है और शहर के बॉर्डर पॉइंट्स पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है. सिंघु बॉर्डर पर थोड़ी तैनाती की गई है, लेकिन पंजाब-हरियाणा सीमा से सटे शंभू बॉर्डर पर स्थिति के अनुसार इसे बढ़ाया जा सकता है."
उन्होंने कहा कि बॉर्डर और दिल्ली के मध्य भाग में सुरक्षा व्यवस्था के कारण ट्रैफिक प्रभावित होने की संभावना है. अधिकारी ने कहा कि पुलिस नोएडा बॉर्डर पर भी घटनाक्रम पर नज़र रख रही है, जहां उत्तर प्रदेश के किसानों का एक और समूह धरना दे रहा है.
अंबाला: किसानों द्वारा दिल्ली मार्च पर हरियाणा सरकार में मंत्री अनिल विज ने कहा, "बिना इजाजत के कैसे जाने दिया जा सकता है? इजाजत ले लें, फिर जाने देंगे. अगर आप वहां जा रहे हैं तो आपको इजाजत लेनी चाहिए."
दिल्ली: किसानों द्वारा दिल्ली मार्च पर RJD सांसद मनोज झा ने कहा, "इसमें सरकार को दुविधा कहां दिख रही है? ये उनका देश है वो अन्नदाता हैं. वो अगर एक दिन की सांकेतिक हड़ताल कर दे तो देश बंद हो जाएगा."
दिल्ली: LJP(R) के सांसद राजेश वर्मा ने कहा, "पहले भी कई बार किसानों की ओर से पैदल मार्च किए गए हैं. किसानों को 5-10 प्रमुख किसान नेताओं का प्रतिनिधिमंडल बनाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या संबंधित मंत्री से मुलाकात करनी चाहिए. वही एक सकारात्मक तरीका होता है जिसके तहत आप अपनी समस्या के समाधान पर काम कर सकते हैं. बार-बार मार्च निकालना और विरोध दर्ज करना, जाम करना, आम आवाम को परेशान करना उचित तरीका नहीं है. किसान भी एक कदम आगे बढ़ाएं सरकार भी 2 कदम बढ़ाने को तैयार है."
किसानों द्वारा दिल्ली मार्च पर सपा सांसद राम गोपाल यादव ने कहा, "हमारे चेयरमैन (उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़) ने भी कहा है कि किसानों की मांगे नहीं मानी जा रही है. सारा देश जानता है कि हमेशा किसानों के ये धोखा करते हैं."
दिल्ली: कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने कहा, "सरकार को समझना चाहिए कि किसानों के मुद्दे काफी महत्वपूर्ण हैं. किसानों से बात करनी चाहिए और इस बार झूठे दिलासे नहीं देने चाहिए."
अंबाला (हरियाणा) के डीसी ने किसान नेताओं को पत्र लिख कानून व्यवस्था का हवाला देते हुए दिल्ली कूच को स्थगित करनी की अपील की है. डीसी अंबाला ने किसानों को पत्र जारी कर कहा कि अंबाला में पहले से बीएनएस की धारा 163 लागू है. किसानों को दिल्ली कूच से पहले दिल्ली पुलिस से अनुमति लेने होगी. बिना अनुमति के किसानों को दिल्ली में प्रवेश करने नहीं दिया जाएगा.
हरियाणा: किसानों द्वारा आज 6 दिसंबर को घोषित दिल्ली मार्च के मद्देनजर पुलिस ने अंबाला-दिल्ली सीमा पर बैरिकेडिंग कर दी है.
किसानों के विरोध-प्रदर्शन और अंबाला जिले में कानून व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने आज सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूल बंद रखने के आदेश दिए हैं. अपने आदेश में अंबाला प्रशासन ने कहा कि आज किसानों का विरोध-प्रदर्शन होना है इसलिए स्कूल बंद रखे जाएंगे.
दिल्ली की वायु गुणवत्ता में सुधार के साथ आज सुबह वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 183 दर्ज किया गया, जो 'मध्यम' श्रेणी में पहुंच गया है.
शंभू बॉर्डर पर किसान नेता सरवन सिंह पंढेर ने कहा, "मोर्चे को चलते 297 दिन हो गए है और खनौरी बॉर्डर पर आमरण अनशन 11वें दिन में प्रवेश कर गया है. आज दोपहर 1 बजे 101 किसान-मजदूर का जत्था शंभू बॉर्डर से दिल्ली की ओर कूच करेगा..."
किसान नेता सरवन सिंह पंधेर और जगजीत सिंह डल्लेवाल के नेतृत्व में किसान अपने ‘दिल्ली चलो’ आंदोलन के तहत राष्ट्रीय राजधानी की ओर पैदल मार्च करेंगे. यह मार्च 6 दिसंबर से शंभु बॉर्डर से शुरू होगा, जिसमें लगभग 100 लोग शामिल होंगे.
अपने फैसले के बारे में बात करते हुए पंधेर ने कहा, “हम यहां पिछले आठ महीनों से बैठे हैं. हमारे ट्रैक्टरों को मॉडिफाइड कहकर हम पर आरोप लगाया गया, इसलिए हमने अब पैदल दिल्ली जाने का फैसला किया है.” उन्होंने बताया कि किसानों के आंदोलन को हरियाणा के खाप पंचायतों और व्यापारिक समुदाय सहित व्यापक समर्थन मिल रहा है.