भीलवाड़ा में हर व्यक्ति के जहन और दिमाग में पर्यावरण संरक्षण और पौधारोपण की बात बैठी हुई है. यहां पर्यावरण संरक्षण बड़े खास और परम्परागत रूप से किया जाता है. भीलवाड़ा के गांवों में पारंपरिक तरीके से पेड़ पौधों की पूजा अर्चना कर उन्हें पगड़ी ( सिर का साफा ) पहनायी जाती है. यानि पेड़ों की रक्षा का संदेश दिया जाता है. यह परंपरा एक या दो नहीं बल्कि कई गांव में पीढ़ियों से निभाई जा रही है.