Weather Updateमध्य प्रदेश इन दिनों मौसम की दोहरी मार झेल रहा है. प्री-मानसून की कमजोर गतिविधियों के चलते जहां एक तरफ सूखी गर्म हवाओं ने उत्तरी और पश्चिमी हिस्सों को झुलसाना शुरू कर दिया है, वहीं पूर्वी और दक्षिणी जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और आंधी ने लोगों को गर्मी से कुछ राहत दी है.मौसम विभाग ने इस द्वंद्वपूर्ण स्थिति को देखते हुए 9 और 10 जून के लिए येलो अलर्ट जारी किया है.
प्रदेश के बुंदेलखंड और चंबल संभाग सबसे ज्यादा प्रभावित हैं. इन क्षेत्रों में तापमान सामान्य से 4-5 डिग्री ऊपर पहुंच गया है. कई जगहों पर दिन का तापमान 45-47 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जिससे लू की स्थिति बन गई है.
ग्वालियर-चंबल क्षेत्र: ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर
बुंदेलखंड क्षेत्र: दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर
इन जिलों में आगामी 2 से 3 दिनों में हीट वेव चलने की संभावना जताई गई हैं. अभी यहाँ तेज और गर्म हवाएं चल रही हैं.दोपहर के समय बाहर निकलना मुश्किल हो गया है. स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को दोपहर 12 बजे से 4 बजे तक घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है.बुजुर्गों, बच्चों और हृदय रोगियों को विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है.
दूसरी ओर, प्रदेश के पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में मौसम ने करवट ली है. भोपाल, रायसेन, विदिशा, सागर, दमोह, जबलपुर, नरसिंहपुर, मंडला, बालाघाट, छिंदवाड़ा, सिवनी आदि जिलों में पिछले 24 घंटों में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई है. कुछ जगहों पर तेज आंधी के साथ बारिश ने गर्मी से राहत दी, लेकिन साथ ही धूल भरी आंधी और बिजली गिरने की घटनाएं भी दर्ज की गई हैं. मौसम विभाग के अनुसार इन क्षेत्रों में अगले 1-2 दिन और ऐसी गतिविधियां जारी रह सकती हैं.
दक्षिण-पश्चिम मानसून रविवार को महाराष्ट्र पहुंच चुका है. इसके बाद मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि मध्य प्रदेश में मानसून 15 से 18 जून के बीच प्रवेश कर सकता है.
सामान्य रूप से प्रदेश में मानसून 15 जून के आसपास दस्तक देता है.पिछले वर्ष मानसून एक दिन की देरी से 16 जून को मध्य प्रदेश पहुंचा था. मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वर्तमान परिस्थितियां अनुकूल बनी रहीं तो इस बार भी मानसून तय समय के आसपास प्रदेश में प्रवेश कर सकता है.
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